जब तुम (किसी के सामने उसकी) प्रशंसा करने वालों को देखो, तो उनके मुँह पर मिट्टी डाल दो।
मिक़दाद (रज़ियल्लाहु अंहु) कहते हैं कि एक व्यक्ति उसमान (रज़ियल्लाहु अंहु) की प्रशंसा करने लगा, तो मिक़दाद अपने घुटने के बल बैठ गए तथा अपनी मुट्ठी में कंकड़ उठाकर उनके मुख पर फेंकने लगे। यह देख उसमान (रज़ियल्लाहु अंहु) ने कहाः यह तुम क्या कर रहे हो? उन्होंने उत्तर दियाः…

