उम्मे हबीबा (रज़ियल्लाहु अंहा) सात साल तक इस्तिहाज़ा (वह रक्त जो स्त्री को माहवारी के अतिरिक्त बीमारी के कारण आता है) का शिकार रहीं। अतः, रसूलुल्लाह (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) से उसके बारे में पूछा, तो आपने उन्हें आदेश दिया कि स्नान कर लें।
आइशा (रज़ियल्लाहु अंहा) से रिवायत है, वह कहती हैंः उम्मे हबीबा (रज़ियल्लाहु अंहा) सात साल तक इस्तिहाज़ा (वह रक्त जो स्त्री को माहवारी के अतिरिक्त बीमारी के कारण आता है।) की शिकार रहीं। अतः, रसूलुल्लाह (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) से उसके बारे में पूछा, तो आपने उन्हें आदेश…

